ख़ुशामद क्या है? | ख़ुशामद पर शायरी (Hindi & English) और सच्चाई की पहचान
ख़ुशामद: सच्ची तारीफ या चापलूसी? 100 बेहतरीन शायरी हिंदी और English में
क्या आपने कभी महसूस किया है कि कोई आपकी जरूरत से ज्यादा तारीफ कर रहा है? कभी-कभी हमें समझ नहीं आता कि सामने वाला सच में हमारी काबिलियत की सराहना कर रहा है या सिर्फ अपना मतलब निकालने के लिए ख़ुशामद कर रहा है। आज के समय में जहाँ रिश्ते और प्रोफेशनल लाइफ दोनों ही स्वार्थ से प्रभावित हो सकते हैं, वहाँ सच्ची प्रशंसा और चापलूसी के बीच का फर्क समझना बहुत जरूरी हो जाता है। इस पोस्ट में हम ख़ुशामद का अर्थ, उसका प्रभाव, और इस विषय पर 50 हिंदी व 50 English शायरी साझा कर रहे हैं। यदि आप quotes और shayari के शौकीन हैं, तो यह संग्रह आपके लिए बेहद खास होने वाला है।
ख़ुशामद पर 50 हिंदी शायरी
ख़ुशामद और सच्चाई पर शायरी
हर मुस्कान सच्ची नहीं होती,
हर तारीफ दिल से नहीं होती,
कुछ लफ्ज़ सिर्फ मतलब के लिए होते हैं।
जो हर बात पर वाह-वाह करे,
वो अक्सर अपना काम साधे,
सच्चा दोस्त खामियाँ भी बताए।
तारीफ अगर जरूरत से ज्यादा हो जाए,
तो समझो मकसद छुपा हो कहीं,
हर चमक सोना नहीं होती।
सच कड़वा लगे तो लगे,
पर ख़ुशामद मीठा जहर है,
जो धीरे-धीरे असर करता है।
जो सामने झुके बहुत,
वो पीछे वार भी करता है,
खुशामद का यही दस्तूर है।
मतलबी रिश्तों पर शायरी
मतलब की दुनिया में,
तारीफें भी बिकती हैं,
यहाँ जज़्बात नहीं, फायदे चलते हैं।
वो मेरी हर बात से सहमत था,
मगर सच कभी नहीं बोला,
बस काम निकलवाना जानता था।
चेहरे पर मीठी बातें,
दिल में अलग ही ख्वाहिश,
यही तो है असली खुशामद।
जो हर वक्त सराहे तुम्हें,
वो जरूरी नहीं अपना हो,
हो सकता है मकसद अपना हो।
तारीफों की बरसात में,
सच्चाई बह जाती है,
जब खुशामद हावी हो जाती है।
सच्ची प्रशंसा बनाम ख़ुशामद
सच्ची तारीफ कम होती है,
पर दिल से होती है,
खुशामद बस दिखावे की होती है।
जो कमी भी बताए,
वही अपना कहलाए,
बाकी सब खुशामद करते हैं।
हर वाह-वाह पर मत इतराओ,
कभी सच भी सुन लिया करो,
वरना गिरना तय है।
मीठी बातों से सावधान रहो,
हर शब्द में सच्चाई नहीं,
कुछ में स्वार्थ छुपा होता है।
खुशामद से ऊँचा सच है,
चाहे कड़वा लगे,
पर वही आगे बढ़ाता है।
समाज और राजनीति में ख़ुशामद
दरबारों में सच कम,
खुशामद ज्यादा बोली जाती है,
तभी फैसले गलत होते हैं।
कुर्सी के आसपास,
सच नहीं टिकता,
खुशामद हावी रहती है।
जो सच बोले वो दूर हुआ,
जो खुशामद करे वो खास हुआ,
अजब ये दौर चला।
ताकत के आगे झुकना,
आदत बन जाए अगर,
तो इंसान खो जाता है।
हर राजा के पास,
कुछ खुशामदी लोग होते हैं,
जो सच छुपा देते हैं।
ज़िंदगी के अनुभव पर शायरी
सीखा है वक्त ने,
हर मुस्कान पर भरोसा न करो,
कुछ खुशामद भी होती है।
खुद को इतना मजबूत बनाओ,
कि खुशामद की जरूरत न पड़े,
सच ही पहचान बने।
जो सच के साथ खड़ा हो,
वही असली साथी है,
बाकी सब हवा के रुख पर।
मीठी बातों से बचकर रहो,
ये दिल को बहला देती हैं,
पर राह भटका देती हैं।
खुशामद की सीढ़ी छोटी है,
सच की राह लंबी,
पर मंज़िल पक्की होती है।
आत्मसम्मान और सच्चाई
आत्मसम्मान बेचकर,
जो खुशामद करे,
वो खुद से हार जाए।
सच की कीमत ज्यादा है,
पर खुशामद सस्ती है,
इसीलिए बिकती है।
जो खुद की कद्र करे,
उसे खुशामद की जरूरत नहीं,
वो अपने दम पर जीता है।
खुशामद से मिली इज्जत,
क्षणिक होती है,
सच की इज्जत स्थायी।
हर तालियाँ सच्ची नहीं,
कुछ मतलब की होती हैं,
समझना जरूरी है।
खुशामद की दुनिया में,
सच अकेला पड़ जाता है,
फिर भी वही जीतता है।
जो सच का साथ दे,
उसे डर नहीं होता,
खुशामद करने वाला डरता है।
तारीफें अगर शर्तों पर हों,
तो वो खुशामद हैं,
इज्जत नहीं।
हर चमकती बात पर,
यकीन मत कर लेना,
सच परखना सीखो।
खुशामद से बने रिश्ते,
वक्त के साथ टूट जाते हैं,
सच से बने निभ जाते हैं।
जो हर वक्त हाँ में हाँ मिलाए,
वो अपना नहीं,
बस फायदा चाहता है।
खुशामद का जाल महीन है,
पर पकड़ मजबूत,
सच ही छुड़ा सकता है।
मीठे लफ्ज़ों में छुपा स्वार्थ,
पहचानना जरूरी है,
वरना नुकसान तय है।
जो कमी बताए,
वही सुधार लाए,
बाकी सब खुशामद करें।
खुशामद की आदत,
इंसान को छोटा बना देती है,
सच बड़ा करता है।
सच की राह कठिन सही,
पर खुशामद से बेहतर,
यही सच्ची जीत है।
हर वाहवाही जरूरी नहीं,
कुछ ताली स्वार्थ की होती है,
इसे समझो।
खुशामद से मिली पहचान,
टिकती नहीं ज्यादा दिन,
सच अमर रहता है।
जो सच कहे सामने,
वही अपना कहलाए,
बाकी बस दिखावा।
खुशामद की मिठास से बेहतर,
सच की सादगी है,
जो दिल को सुकून दे।
50 English Shayari on Flattery (Khushamad)
Flattery vs Truth Quotes
Not every praise is pure,
Not every smile is true,
Some words just hide a clue.
Too much applause around,
May hide a silent scheme,
Not everything is what it seems.
Sweet words can deceive,
When motives lie beneath,
Truth is often brief.
Flattery shines bright,
But truth has deeper light,
Choose wisely what feels right.
When praise is loud and long,
Check if something’s wrong,
Truth is calm and strong.
Self-Respect and Integrity
Respect earned by lies,
Fades with time,
Truth forever shines.
Better a bitter truth,
Than a sugary lie,
That makes you blind.
Flattery feeds ego,
Truth feeds growth,
Choose what helps you both.
Fake praise is cheap,
Integrity is rare,
Handle both with care.
Those who only agree,
May not truly see,
Your reality.
Life Lessons on Flattery
Beware of constant praise,
It may be a maze,
Designed to confuse your ways.
Honest words may hurt,
But they build your worth,
Beyond fake comfort.
Flattery builds castles in air,
Truth builds foundations fair,
One lasts, one disappears.
Too sweet to be real,
Often hides a deal,
Behind the appeal.
Seek friends who correct,
Not those who just reflect,
Your ego unchecked.
Empty praise is noise,
Truth is steady voice,
Make the wiser choice.
Flattery fades away,
Truth is here to stay,
Guiding your way.
Not every cheer is support,
Some just distort,
For selfish report.
Stand tall with truth,
No need to pretend,
Real respect will ascend.
False praise glitters fast,
But it never lasts,
Truth holds you steadfast.
FAQs: ख़ुशामद से जुड़े सामान्य प्रश्न
ख़ुशामद क्या होती है?
जब कोई व्यक्ति स्वार्थ या लाभ के लिए जरूरत से ज्यादा तारीफ करता है, उसे ख़ुशामद या चापलूसी कहते हैं।
सच्ची तारीफ और ख़ुशामद में क्या अंतर है?
सच्ची तारीफ ईमानदार और संतुलित होती है, जबकि ख़ुशामद में छुपा स्वार्थ और अतिशयोक्ति होती है।
क्या ख़ुशामद नुकसानदायक हो सकती है?
हाँ, यह व्यक्ति को गलतफहमी में रख सकती है और निर्णय लेने की क्षमता को प्रभावित कर सकती है।
ख़ुशामद करने वालों को कैसे पहचानें?
जो हर बात में हाँ मिलाए, कमी न बताए और जरूरत से ज्यादा प्रशंसा करे, वह खुशामद कर सकता है।
Also Read
अधिक जानकारी के लिए आप Wikipedia पर चापलूसी के बारे में भी पढ़ सकते हैं।
अगर आपको यह ख़ुशामद पर शायरी संग्रह पसंद आया हो, तो इसे अपने दोस्तों और परिवार के साथ जरूर शेयर करें। आपकी एक शेयर किसी और तक सच्चाई का संदेश पहुँचा सकती है। नीचे कमेंट में बताइए कि आपको कौन सी शायरी सबसे ज्यादा पसंद आई और क्यों। आपकी राय हमारे लिए बेहद महत्वपूर्ण है और इससे हमें बेहतर कंटेंट बनाने की प्रेरणा मिलती है।
Join the conversation